आकाशवाणी.इन
कोरबा, 21 अगस्त 2026/ रक्षाबंधन त्योहार को देखते हुए छत्तीसगढ़ में खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा मिलावटखोरी के खिलाफ सघन जांच अभियान चलाया जा रहा है। इसी कड़ी में जिले में विभिन्न खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण और खाद्य पदार्थों की सैंपलिंग की जा रही है। खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता में कमी या मिलावट की आशंका मिलने पर नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है.
छत्तीसगढ़ राज्य में “बने खाबो–बने रिहबो 2.0” अभियान के अंतर्गत 17 अगस्त 2026 से 23 अगस्त 2026 तक सात दिवसीय सघन खाद्य सुरक्षा प्रवर्तन एवं जन-जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। अभियान का उद्देश्य त्योहारों के दौरान बाजार में बिकने वाले खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता सुनिश्चित करना और उपभोक्ताओं को सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना है.
इसी अभियान के तहत 20 अगस्त 2026 को कोरबा जिले के करतला ब्लॉक क्षेत्र में खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया। जांच के दौरान शारदा होटल से रसगुल्ला तथा भोला भवानी जलपान गृह से बेसन लड्डू का सैंपल लिया गया। दोनों खाद्य पदार्थों में मिलावट की आशंका के चलते इन्हें जांच के लिए रायपुर स्थित खाद्य प्रयोगशाला भेजा गया है। खाद्य प्रयोगशाला से जांच रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और उनमें किसी प्रकार की मिलावट की पुष्टि हो सकेगी। रिपोर्ट के आधार पर संबंधित खाद्य प्रतिष्ठानों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा नियमों के तहत आवश्यक कार्रवाई की जाएगी.
इस कार्रवाई में अभिहित अधिकारी और खाद्य सुरक्षा अधिकारी शामिल रहे। विभाग द्वारा त्योहार के दौरान खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता पर लगातार निगरानी रखने की बात कही गई है। अधिकारियों ने खाद्य कारोबारियों को निर्धारित गुणवत्ता मानकों का पालन करने और उपभोक्ताओं को सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं.
रक्षाबंधन जैसे त्योहारों के दौरान मिठाइयों की मांग बढ़ने के कारण खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा मिठाई दुकानों, होटल, जलपान गृह और अन्य खाद्य प्रतिष्ठानों की जांच तेज की गई है। विभाग की इस कार्रवाई से मिलावटखोरी पर अंकुश लगाने के साथ ही आम लोगों को सुरक्षित खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने की दिशा में निगरानी मजबूत होने की उम्मीद है.